31 March 2025 Ka Panchang: जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और सूर्योदय-सूर्यास्त का समय

31 March 2025 Ka Panchang: जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और सूर्योदय-सूर्यास्त का समय

31 March 2025 Ka Panchang: 31 मार्च 2025, सोमवार को चैत्र शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि रहेगी, जो सुबह 9:12 बजे तक रहेगी। इसके बाद तृतीया तिथि का आरंभ होगा। इस दिन वैधृति योग दोपहर 1:46 बजे तक रहेगा, जबकि अश्विनी नक्षत्र दोपहर 1:45 बजे तक प्रभावी रहेगा। 31 मार्च को नवरात्रि का दूसरा और तीसरा दिन होगा, जिसमें मां दुर्गा के ब्रह्मचारिणी और चंद्रघंटा स्वरूप की पूजा की जाएगी। यह दिन धार्मिक दृष्टि से अत्यंत शुभ माना जा रहा है।

शुभ मुहूर्त और तिथि का विवरण

31 मार्च 2025 को द्वितीया तिथि सुबह 9:12 बजे तक रहेगी। इसके बाद तृतीया तिथि आरंभ होगी, जो अगले दिन तक प्रभावी रहेगी। इस दिन वैधृति योग दोपहर 1:46 बजे तक रहेगा। इस योग में किए गए धार्मिक कार्य विशेष फलदायी माने जाते हैं। वहीं, अश्विनी नक्षत्र भी दोपहर 1:45 बजे तक रहेगा। यह नक्षत्र यात्रा, स्वास्थ्य संबंधी कार्यों और नए कार्यों की शुरुआत के लिए शुभ माना जाता है। इस दिन मां दुर्गा के ब्रह्मचारिणी और चंद्रघंटा स्वरूप की पूजा करने से मनोकामनाएं पूर्ण होने का विशेष फल मिलता है।

राहुकाल का समय और प्रमुख शहरों में प्रभाव

31 March 2025 Ka Panchang: जानें शुभ मुहूर्त, राहुकाल और सूर्योदय-सूर्यास्त का समय

31 मार्च 2025 को विभिन्न शहरों में राहुकाल का समय इस प्रकार रहेगा:

  • दिल्ली: सुबह 7:47 बजे से 9:20 बजे तक

  • मुंबई: सुबह 8:07 बजे से 9:39 बजे तक

  • चंडीगढ़: सुबह 7:78 (व्यवहार में 7:48) बजे से 9:21 बजे तक

  • लखनऊ: सुबह 7:33 बजे से 9:05 बजे तक

  • भोपाल: सुबह 7:47 बजे से 9:20 बजे तक

  • कोलकाता: सुबह 7:04 बजे से 8:36 बजे तक

  • अहमदाबाद: सुबह 8:06 बजे से 9:39 बजे तक

  • चेन्नई: सुबह 7:38 बजे से 9:10 बजे तक
    इस दौरान शुभ कार्यों को टालना उचित माना जाता है, क्योंकि राहुकाल में किए गए कार्यों में बाधाएं आ सकती हैं।

सूर्योदय-सूर्यास्त का समय और धार्मिक महत्व

31 मार्च 2025 को सूर्योदय सुबह 6:12 बजे होगा, जबकि सूर्यास्त शाम 6:38 बजे होगा। इस दिन भक्तजन मां दुर्गा की आराधना में लीन रहेंगे। ब्रह्मचारिणी देवी की पूजा करने से तप, संयम और त्याग की शक्ति प्राप्त होती है, जबकि चंद्रघंटा देवी की पूजा से जीवन में सुख-समृद्धि और शांति आती है। इस दिन व्रत रखने और मां दुर्गा की आराधना करने से विशेष फल प्राप्त होता है। साथ ही, भक्तों को मां से सुख-समृद्धि और कल्याण का आशीर्वाद प्राप्त होता है। नवरात्रि के इस विशेष दिन पर श्रद्धालु पूरे भक्ति भाव से मां दुर्गा की उपासना करते हैं।