Anant Ambani Padyatra: रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी के छोटे बेटे अनंत अंबानी इन दिनों द्वारकाधीश के दर्शन के लिए एक विशेष पदयात्रा पर निकले हैं। उन्होंने 140 किलोमीटर लंबी पदयात्रा शुरू की है, जो पिछले पांच दिनों से लगातार चल रही है। अनंत अंबानी ने यह यात्रा अपने जन्मदिन के मौके पर 9 अप्रैल को द्वारका में भगवान द्वारकाधीश के दर्शन करने का संकल्प लिया है। इस यात्रा के दौरान उनकी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं, और यह यात्रा रात के समय भी जारी है।
सुरक्षा के कड़े इंतजामों के बीच पदयात्रा
अनंत अंबानी की पदयात्रा का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस वीडियो में वे हनुमान चालीसा का जाप करते हुए दिखाई दे रहे हैं, जो उनकी भक्ति को साफ दर्शाता है। साथ ही, वे पूरी श्रद्धा के साथ भगवान द्वारकाधीश के प्रति अपनी आस्था प्रकट कर रहे हैं। उनका यह वीडियो सोशल मीडिया पर काफी सुर्खियां बटोर रहा है। अंबानी परिवार का भगवान द्वारकाधीश के प्रति गहरा विश्वास है, और वे समय-समय पर द्वारका के दर्शन के लिए आते रहते हैं।
#WATCH | Devbhumi Dwarka, Gujarat: Anant Ambani, Director, Reliance Industries Limited, is on a 'Padyatra' from Jamnagar to Dwarkadhish Temple
He says, "The padyatra is from our house in Jamnagar to Dwarka… It has been going on for the last 5 days and we will reach in another… pic.twitter.com/aujJyKYJDN
— ANI (@ANI) April 1, 2025
अनंत अंबानी का संदेश
पदयात्रा के बारे में अनंत अंबानी ने कहा, “हमारी पदयात्रा जामनगर से द्वारका तक की है। यह यात्रा पिछले 5 दिनों से चल रही है, और अगले 2-4 दिनों में हम द्वारका पहुंच जाएंगे। मेरी पदयात्रा निरंतर चल रही है। भगवान द्वारकाधीश हम सब पर आशीर्वाद प्रदान करें।” उन्होंने युवाओं को संदेश देते हुए कहा, “मैं सभी युवाओं से कहना चाहता हूं कि भगवान द्वारकाधीश पर विश्वास रखें और किसी भी कार्य को करने से पहले भगवान का स्मरण करें। वह कार्य बिना किसी बाधा के पूरा होगा, और जब भगवान हमारे साथ हों, तो किसी भी चीज की चिंता करने की जरूरत नहीं है।”
धार्मिक श्रद्धा और सेवा का उदाहरण
अनंत अंबानी की यह पदयात्रा न केवल धार्मिक श्रद्धा का प्रतीक है, बल्कि यह युवाओं को भी प्रेरित करती है कि वे अपने कार्यों में ईश्वर का स्मरण करें और निरंतर मेहनत करें। उनकी यह यात्रा इस बात का भी उदाहरण है कि धार्मिक आस्था और सेवा जीवन में सकारात्मक ऊर्जा और दिशा प्रदान कर सकती है। अंबानी परिवार का यह कदम धार्मिकता और परिवारिक संस्कारों को बढ़ावा देने के रूप में देखा जा रहा है, जो समाज के लिए भी प्रेरणादायक है।